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यूपी के नए मुख्य सचिव ने फिर से सेवा का अवसर देने के लिए मोदी-योगी का जताया आभार


कार्यभार ग्रहण करने बाद मिश्रा ने कहा- सभी शहरों को बनाएंगे स्मार्ट
लखनऊ, 30 दिसंबर (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के नवनियुक्त मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र ने प्रदेश की फिर से सेवा का अवसर देने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का आभार जताया है। मिश्रा ने गुरुवार को कार्यभार ग्रहण करने के बाद मीडियाकर्मियों से कहा कि अपने गृह राज्य में एक बार फिर कार्य करने का अवसर मिला है। मैं अपने इस समय को शत-प्रतिशत प्रदेश की सेवा में लगाऊंगा। मेरे लिए यह जिम्मेदारी सेवा है। उत्तर प्रदेश की ब्यूरोक्रेसी का मैं सही तरीके से इस्तेमाल करते हुए हर क्षेत्र में काम करूंगा। सभी विभागों की समीक्षा करूंगा। प्रदेश के हर जिले का दौरा करूंगा। ताकि प्रदेश को हर क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ाया जा सके।
पिछले सात वर्षों में देश में अभूतपूर्व परिवर्तन देखने को मिला है। उसका मैं खुद साक्षी हूं। केंद्र सरकार में मैंने काम किया है। अरुणाचल प्रदेश हो, कश्मीर, केरल और फिर चाहे तमिलनाडु हो, हर तरफ अभूतपूर्व परिवर्तन हुआ है। हमारा उत्तर प्रदेश भी उसमें काफी आगे है। 2017 से पहले उत्तर प्रदेश स्वच्छ भारत मिशन से लेकर केंद्र सरकार की अन्य योजनाओं में सबसे पीछे रहा करता था। 2017 में योगी आदित्यनाथ के मुख्यमंत्री का पदभार संभालने के बाद तेजी से बदलाव हुआ है। आज ज्यादातर योजनाओं में उत्तर प्रदेश पहले पायदान पर खड़ा है। स्वच्छता के लिए 2021 में आए सर्वेक्षण में उत्तर प्रदेश ने पांचवा स्थान हासिल किया है। पहली बार उत्तर प्रदेश के शहर पहले 50 में आए। वाराणसी टाउन टॉप पर आया। यहां पर 100 प्रतिशत शहर ओडीएफ हो गये हैं। अब मैं यहां आया हूं। सारे शहरों को ओडीएफ प्लस-प्लस करवा दूंगा। मुझे लगता है कि परिवर्तन होगा तो वह सबसे पहले सफाई में होगा।
प्रधानमंत्री मोदी ने 2015 में देश के हर नागरिक को मकान देने का लक्ष्य रखा। वह मकान उस घर की महिला के नाम होगा। उस मकान में सारी सुविधाएं होंगी। इतना बड़ा संकल्प पूरी दुनिया में कोई ले नहीं सकता। एक करोड़ 14 लाख मकान हमने सेंक्शन किया है। 53 लाख से ज्यादा मकान हमने पूरा करके दे दिया था। 2017-18 में उप्र में केवल 18 हजार मकान आवंटित किये गये थे। आज उप्र में साढ़े 17 लाख से ज्यादा मकान आवंटित हैं। लगभग साढ़े नौ लाख मकान पूरे होकर दिए जा चुके हैं। उन मकानों में सारी सुविधाएं हैं। मकान बनाने के मामले में भी उप्र पहले नंबर पर है। इससे यह साबित होता हि उप्र की ब्यूरोक्रेसी में जबर्दस्त क्षमता है।
स्मार्ट सिटी योजना के तहत देश में 100 शहर चुने गये। उसमें से उत्तर प्रदेश के 10 शहरों को लिया गया है। मुझे खुशी हो रही है कि 2021 में स्मार्ट सिटी योजना लागू करने के मामले में प्रदेश ने देश में पहला स्थान हासिल किया है। हम केवल उन 10 शहरों तक सीमित नहीं रहेंगे। हमारी कोशिश होगी उप्र के सभी शहर स्मार्ट बनें।
दफ्तर में बैठकर काम करने की आदत नहीं
मै दफ्तर में बैठकर काम नहीं करता। भ्रमण करते हुए कार्य करने की मेरी आदत है। उत्तर प्रदेश सरकार में मैं तमाम सारी जिम्मेदारियां निभा चुका हूं। मुख्यमंत्री का प्रमुख सचिव रहते हुए मैंने प्रदेश के सभी विभागों को करीब से देखा है। प्रदेश की ब्यूरोक्रेसी पर मुझे भरोसा है। योगी के नेतृत्व में इसी ब्यूरोक्रेसी ने बेहतर परिणाम दिए हैं। आज उप्र ज्यादातर योजनाओं में पहले पायदान पर है। उन्होंने कहा कि देश में उप्र प्रदेश इकलौता राज्य है जहां पांच शहरों में मेट्रो सेवा शुरू है। 2017 में उप्र में महज नौ किलोमीटर मेट्रो सेवा थी, आज करीब 100 किलोमीटर मेट्रो रेल सेवा चल रही है।
मेरे काम करने का तरीका उप्र के बहुत से लोगों को पता है। सभी विभागों की समीक्षा करूंगा। पूरे प्रदेश का दौरा भी करूंगा। मुख्यमंत्री ने उप्र की इकोनॉमी को एक ट्रीलियन ले जाने का लक्ष्य रखा है। मुख्यमंत्री के लक्ष्यों को पूरा करना मेरा पहला लक्ष्य होगा। कोविड पर हमारी नजर होगी। मेरी पहली बैठक चुनाव आयोग के साथ हुई है। निष्पक्ष एवं सुचारू रूप से चुनाव सम्पन्न कराना हमारी प्राथमिकता होगी। चुनाव से पहले सभी को कोविड टीका देने पर हमारा जोर होगा। उससे पहले भी कोविड प्रोटोकॉल का पालन होगा।
मुख्य सचिव ने कहा कि नये दायित्व के बाद मुख्यमंत्री से अभी मेरी मुलाकात नहीं हुई है। मुझे जिम्मेदारी मिली है। मैं अपने प्रदेश को बहुत कुछ दूंगा। अपनी तरफ से कोई गुंजाइश नहीं छोड़ूंगा। प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री योगी को काम करते हुए देखा है। उनकी मंशा देश और प्रदेश को आगे ले जाने की है। उसे पूरा करूंगा।